16 अप्रैल। कनखल स्थित हरि गिरी निरंजन आश्रम, संन्यास रोड में बुधवार को संत समाज की गरिमामयी उपस्थिति के बीच एक भव्य पटटृअभिषेक समारोह आयोजित किया गया l

हरिद्वार, वरिष्ठ पत्रकार ठाकुर मनोजानंद16 अप्रैल। कनखल स्थित हरि गिरी निरंजन आश्रम, संन्यास रोड में बुधवार को संत समाज की गरिमामयी उपस्थिति के बीच एक भव्य पटटृअभिषेक समारोह आयोजित किया गया, जिसमें स्वामी आदित्यानंद गिरी जी महाराज को पंचायती श्री महानिर्वाणी अखाड़े द्वारा महामंडलेश्वर पद पर विधिवत विभूषित किया गया। समारोह वैदिक मंत्रोच्चार, धार्मिक अनुष्ठानों एवं संत-महापुरुषों के आशीर्वचनों के साथ संपन्न हुआ।यह पावन कार्यक्रम अनंत विभूषित महामंडलेश्वर 1008 परम पूज्य स्वामी निरंजनानंद गिरी जी महाराज के कृपापात्र शिष्य तथा 1008 महामंडलेश्वर स्वामी देवेंद्र आनंद गिरि जी महाराज की प्रेरणा एवं मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। पट्टाअभिषेक के दौरान आश्रम परिसर में श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उत्साह का वातावरण बना रहा।इस अवसर पर अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष एवं पंचायती श्री महानिर्वाणी अखाड़े के सचिव श्री महंत रवींद्र पुरी जी महाराज ने कहा कि महामंडलेश्वर पद सनातन धर्म की परंपराओं के संरक्षण और समाज को आध्यात्मिक दिशा देने का महत्वपूर्ण दायित्व है। उन्होंने कहा कि स्वामी आदित्यानंद गिरी जी महाराज अपने तप, त्याग और सेवा भाव से इस पद की गरिमा को और अधिक ऊंचाई प्रदान करेंगे।वहीं आचार्य महामंडलेश्वर परम पूज्य स्वामी विशोकानंद भारती जी महाराज ने अपने संबोधन में कहा कि गुरु-शिष्य परंपरा भारतीय सनातन संस्कृति की आत्मा है। उन्होंने कहा कि स्वामी आदित्यानंद गिरी जी महाराज का महामंडलेश्वर पद पर अभिषेक संत समाज के लिए अत्यंत हर्ष और गौरव का विषय है। समारोह में महामंडलेश्वर स्वामी निरंजनानंद गिरी जी महाराज, महामंडलेश्वर स्वामी देवेंद्र गिरी महाराज, महामंडलेश्वर जय देवानंद गिरि महाराज, महामंडलेश्वर शारदानंद महाराज, महंत गायत्री गिरी महाराज, महंत सूरज दास महाराज सहित अनेक संत-महापुरुष उपस्थित रहे। सभी संतों ने नवविभूषित महामंडलेश्वर को आशीर्वाद प्रदान किया। कार्यक्रम के उपरांत आयोजित विशाल भंडारे में संत-महापुरुषों, श्रद्धालुओं एवं उपस्थित अतिथियों ने प्रसाद ग्रहण किया। पूरे समारोह ने हरिद्वार की संत परंपरा और सनातन संस्कृति की गौरवशाली छवि को पुनः उजागर किया।

